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त्योहारों के महत्व पर निबंध (Essay on Importance of Festivals in Hindi)

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त्योहारों के महत्व पर निबंध
Essay on Importance of Festivals in Hindi


🗣️ त्योहारों के महत्व पर निबंध (Essay on Importance of Festivals in Hindi) पर यह निबंध बच्चो (kids) और class 1, 2, 3, 4, 5, 6, 7, 8, 9, 10, 11, 12 और कॉलेज के विद्यार्थियों के लिए लिखा गया है।

प्रस्तावना

एक मनुष्य के तौर पर हमारे जीवन में त्यौहारों का महत्व बहुत अधिक है। हम साल भर कई प्रकार के त्यौहारों पर परिजनों व मित्रों के साथ उपस्थित होकर अपनी खुशियाँ व्यक्त करते हैं। किसी ने सच कहा है कि खुशियाँ बाँटने से बढ़ती हैं, और दु:ख बाँटने से कम होता है। शायद इसी कारण सुख के साथ-साथ दु:ख के अवसरों पर भी हमारे मित्र और परिजन हमारे साथ खड़े रहते हैं। सिर्फ त्यौहार ही नहीं जन्मदिन, विवाह जैसे मौकों पर भी हमारा परिवार हमारे साथ होता है, जिससे खुशियाँ दोगुनी हो जाती है। आइये अधिक विस्तार से यह जानते हैं कि त्यौहारो का हमारे जीवन में इतने मायने क्यों रखते हैं!

विभिन्न त्यौहारों का जीवन में महत्व

त्यौहार कई प्रकार के होते हैं। विदेशों की तुलना हमारे देश भारत में सबसे अधिक त्यौहार होते हैं। ऐसा भी कहा जाता है कि हमारे देश में हर दिन एक उत्सव होता है। और यह बात सच भी है। हमारे पूर्वजों ने कई त्यौहार ईजाद किये, जिनमें हम पारिवारिक और सामाजिक रूप से सम्मिलित होकर उत्साह के साथ छोटी-छोटी खुशियों का आनंद ले सकते हैं।

त्यौहार के समय गृहिणियाँ अपने घरों की साफ-सफाई करती हैं और रंगोली, झालरों आदि से सजाती हैं। त्यौहारों में घर के सभी जन नये वस्त्र पहनते हैं। इससे जीवन में नवीनता और प्रसन्नता आती है। जो लोग नौकरियों या अपने व्यवसायों में व्यस्त रहते हैं उन्हें भी त्यौहार के वक्त अपने परिवार के साथ समय बिताने का मौका मिलता है। त्यौहारों से हमें तनाव भरे काम से भी अवकाश मिलता है।

भारत देश के प्रमुख त्यौहार

होली और दिवाली भारत में मुख्य त्यौहार हैं। होली में हम भगवान नरसिंह की कृपा से भक्त प्रह्लाद के बचने और होलिका के जलने की कहानी स्मरण करते हैं। हमें इससे सीख मिलती है कि सदैव ईश्वर के ऊपर विश्वास रखना चाहिए और उनकी भक्ति करनी चाहिए। इसी प्रकार दीवाली में हम श्रीराम के रावण को मारकर, माता सीता और लक्ष्मण के साथ अयोध्या लौटने के उपलक्ष्य में उत्सव मनाते हैं। इस अवसर पर बच्चे पटाखे भी जलाकर खुश होते हैं। प्रकाश के त्यौहार दीवाली पर हम ईश्वर से प्रार्थना करते हैं कि हमारे जीवन में भी प्रकाश हो जाए।

जन्मदिन, विवाह के अवसरों में भी त्यौहारों की भाँति इकट्ठे होकर खुशियाँ मनाते हैं। यही नहीं हम अपने पूर्वजों, देश के क्रांतिकारियों और महापुरुषों की जन्म और पुण्यतिथियों को भी पवित्र मानकर उस दिन उन्हें याद करते हैं और उनके बातों को समझते व अनुकरण करने का प्रयास करते हैं। महापुरुषों की जयंतियाँ हमें उनके महान विचारों की शक्ति का बोध कराती हैं। इससे हमारे जीवन में उल्लास के साथ-साथ सार्थकता का भी उदय होता है।

केवल हिंदू धर्म में नहीं, बल्कि मुस्लिम, ईसाई और अन्य धर्मों में भी त्यौहारों की उपस्थिति होती है। मुस्लिम धर्म में ईद, ईद-उल-फितूर जैसे त्यौहार मनाये जाते हैं। वहीं ईसाई धर्म के लोगों का मुख्य त्यौहार क्रिसमस है जो ईसा मसीह के जन्मदिवस के रूप में मनाया जाता है।

हर दिन एक उत्सव है

अगर गौर से देखें तो जीवन का हर दिन और हर क्षण एक उत्सव होता है। जो लोग खुश होने के लिये किसी अवसर का इंतजार करते हैं, उनके लिये वह अवसर कभी नहीं आता। यदि आप इस क्षण खुश और आनंदित हो सकते हैं तो किसी भी अवसर की प्रतीक्षा क्यों? इसीलिये हमें हर दिन को एक उत्सव की तरह देखना चाहिए और खुश होना चाहिए। यदि आप प्रत्येक दिन उत्सव की तरह समझें तो आप त्यौहारों और जयंतियों का भी अधिक अच्छे से आनंद उठा पाएंगे।

त्यौहारों के माध्यम से हमें प्रकृति के करीब जाने का अवसर भी मिलता है। हमारे कई त्यौहारों की विधियों में वृक्षों, मिट्टी, आकाश, जैसे विभिन्न प्राकृतिक तत्वों का समावेश होता है। साथ ही अन्य प्राणियों के प्रति भी संवेदनशीलता विकसित होती है। जैसे- नाग पंचमी के अवसर पर हममें सर्पों के प्रति संवेदनाओं का भाव उत्पन्न होता है। किसी कवि की ये पंक्तियाँ हमें त्यौहार का महत्व बताती हैं।

उपहारों की खशबू लेकर

जब तब आ जाते त्यौहार,

त्यौहारों का आना जैसे

टप टप टप टप मां का प्यार।

उपसंहार

हमारे जीवन में त्यौहारों का अत्यंत महत्व है। एक प्रकार से त्यौहार जीवन की खुशहाली और समृद्धि के केंद्र होते हैं। त्यौहार हमारे मन की सुख-शांति में वृद्धि करते हैं। साथ ही दूसरों के साथ समावेशी होने का भी गुण त्यौहारों के माध्यम से आता है। इसीलिये सभी लोगों को त्यौहारों का मर्म और उन्हें मनाने की कला आनी चाहिए।

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विनम्र अनुरोध:

इस तरह “त्योहारों के महत्व पर निबंध (Essay on Importance of Festivals in Hindi) पूरा होता है। इस निबंध में कोई गलती न हो, इसकी हमने पूरी कोशिश की है। फिर भी यदि इसमें किसी प्रकार की त्रुटि हो तो आप अपने सुझाव हमें ईमेल कर सकते हैं। भविष्य में हम इसी प्रकार “त्यौहार के महत्व” जैसे विभिन्न विषयों पर अच्छी गुणवत्ता के, सरल हिंदी निबंध प्रदान करते रहेंगे।

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